राष्ट्र के विकास के लिए होनहार पीढ़ी का निर्माण करें शिक्षक – कमिश्नर डॉ. भार्गव


शैक्षणिक गुणवत्ता समीक्षा बैठक एवं स्वच्छता सर्वेक्षण कार्यशाला आयोजित


रीवा 21 जनवरी 2020. शैक्षणिक गुणवत्ता के लिए समीक्षा बैठक एवं स्वच्छता सर्वेक्षण कार्यशाला का आयोजन कृष्णा राजकपूर ऑडिटोरियम में कमिश्नर रीवा संभाग एवं प्रशासक नगर पालिक निगम रीवा डॉ. अशोक कुमार भार्गव के मुख्य आतिथ्य में किया गया। इस अवसर पर कमिश्नर डॉ. भार्गव ने समीक्षा बैठक में उपस्थित प्राथमिक और माध्यमिक विद्यालयों के प्राचार्यो और प्रधानाध्यापकों से कहा कि आप सभी को इस देश के भविष्य को बनाने का मौका मिला है। बच्चे हमारे देश की असली दौलत एवं परमहंस मुस्कान हैं। बच्चों के भविष्य से ही देश का भविष्य जुड़ा है। राष्ट्र के भविष्य के लिए होनहार पीढ़ी का निर्माण करना जरूरी है। हम अपने दायित्व के प्रति निष्ठावान होकर बच्चों के भविष्य को सही ढंग से निर्मित करने का प्रयास करें। उन्होंने कहा कि समस्याएं तो हर जगह होती हैं लेकिन उनसे जूझते हुए चट्टानों की तरह मजबूत इरादों से बच्चों को शिक्षित करें। इस संसार में ऐसी कोई भी समस्या नहीं है जिसका समाधान न हो। समाधान खोजने का सच्चे मन से प्रयास होना चाहिए। 



कमिश्नर डॉ. भार्गव ने कहा कि सभी विद्यालयों में परीक्षा परिणाम शत-प्रतिशत हों इसके लिए आप सभी प्रयास करें। यह संसार एक गूंज की तरह है। हम जैसा दूसरों को देते हैं वैसा ही हमें प्राप्त होता है। बच्चों के भविष्य को लेकर यदि हम चिंतित नहीं होंगे तो उसके परिणाम हमें भुगतने पड़ेंगे। हमारी परंपराओं में गुरू का स्थान सर्वोपरि है। विद्यार्थियों को सही दिशा और बेहतर मार्गदर्शन प्रदान करें। उनके व्यक्तित्व में अनुशासन एवं आदर्श नगारिक बनने के संस्कार पैदा करें। दुनिया के सभी धर्मग्रंथों में बच्चों को भगवान का रूप माना गाया है। बच्चों के ज्ञान की अधूरी कृति को पूर्ण करने का दायित्व हमारा कत्र्तव्य है। उन्होंने कहा कि जीवन को सार्थकता दिलाने के लिए हम अपने कत्र्तव्य का ईमानदारी के साथ निर्वहन करें। 
कमिश्नर डॉ. भार्गव ने प्राचार्यों एवं प्रधानाध्यापकों से स्वच्छ भारत मिशन के संबंध में कहा कि महात्मा गांधीजी कहते थे कि स्वतंत्रता से ज्यादा महत्वपूर्ण हमारी स्वच्छता है। हम सब व्यक्तिगत जीवन में स्वच्छता को महत्व देने के साथ-साथ सामूहिक स्वच्छता पर भी ध्यान दें तो स्वच्छता संभव होगी। बाह्य स्वच्छता के साथ हमारे अंतस की भी स्वच्छता होनी चाहिए। आज हमें इतनी तरक्की करने के बाद भी स्वच्छता अभियान चलाने की जरूरत पड़ रही है जो चिंतनीय विषय है। स्वच्छता हमारे राष्ट्र के विकास के लिए जरूरी है। स्वच्छता से ही हम स्वस्थ रह सकते हैं। इसी से हमें समृद्धि और खुशी मिलती है। हमारे देश में स्वच्छता के लिए जागरूकता धीरे-धीरे बढ़ रही है। इसे देश के हर नागरिक तक पंहुचाना जरूरी है। उन्होंने कहा कि स्वच्छता के क्षेत्र में आप सभी को एक नई मिशाल कायम करने का मौका मिला है। उन्होंने कहा कि इंदौर की तरह रीवा भी देश का सबसे साफ-सुथरा शहर हो इसके लिए अपना योगदान दें। स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 के तहत हमें रीवा को नम्बर एक बनाने का मौका मिला है जिसे हाथ से नहीं जाने देने की कोशिश करें। 



संयुक्त संचालक लोक शिक्षण अंजनी त्रिपाठी ने कहा कि शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए शिक्षकों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। अच्छे शिक्षक ही देश के भविष्य का निर्माण करते हैं। उन्होंने बच्चों को अच्छी शिक्षा देने की समझाइश दी। उन्होंने कहा कि कमिश्नर डॉ. भार्गव द्वारा शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए निर्धारित किए गए 7 बिन्दुओं का पालन करते हुए बच्चों को शिक्षा देने का कार्य करें। जिला शिक्षा अधिकारी रामनरेश पटेल ने कहा कि कमिश्नर डॉ. भार्गव के मार्गदर्शन में जून माह से लगातार शिक्षा की गुणवत्ता में सुधार के लिए कार्य किया जा रहा है। उनके मार्गदर्शन में रीवा शहर को स्वच्छ सर्वेक्षण 2020 में नम्बर एक शहर बनाने का कार्य भी किया जा रहा है। इस अवसर पर उपायुक्त नगर निगम अरूण मिश्रा, प्राचार्य बीएड कॉलेज प्रफुल्ल शुक्ला, प्राचार्य डाइट एसएन शर्मा सहित विभिन्न विद्यालयों के प्राचार्य एवं प्रधानाध्यापक उपस्थित थे।